सतीश शाह के निधन से शोक में बॉलीवुड, शाह को यादकर भावुक हुए अनुपम खेर,कहा- ‘अब ये आवाज कभी नहीं सुनाई देगी’

सतीश शाह के निधन के बाद बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता अनुपम खेर और चंकी पांडे समेत कई सितारों में गहरा सदमा छा गया है। अनुपम खेर सतीश शाह के साथ अपनी दोस्ती और उनके साथ बिताए पलों को याद करते हुए बेहद भावुक हो गए और अपने आंसू नहीं रोक पाए। उन्होंने एक वीडियो में कहा कि उन्होंने तीन-चार दिन में कई अच्छे लोगों को खो दिया है और सतीश शाह के जाने का शोक असहनीय है। अनुपम ने बताया कि वे अक्सर फोन पर सतीश को “सतीश मेरे शाह” कहते थे और सतीश जवाब देते थे “जहांपनाह”। उन्होंने इस खास दोस्त को खोना बड़ा दुखद बताया और उनकी याद में टूट गए।

चंकी पांडे भी इस खबर से गहरे भावुक हुए और उन्होंने सोशल मीडिया पर सतीश शाह के प्रति अपनी श्रद्धांजलि जताई। सतीश शाह की कॉमिक टाइमिंग और उनके चेहरे पर हमेशा मुस्कान रहने की बात सभी ने याद की है।
सतीश शाह ने 74 वर्ष की उम्र में किडनी फेल होने के कारण दुनिया को अलविदा कहा। उनके निधन से बॉलीवुड और टीवी इंडस्ट्री में शोक का माहौल है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई कलाकारों ने भी सतीश शाह के निधन पर दुःख जताया है और उन्हें भारतीय मनोरंजन जगत का दिग्गज बताया है। सतीश शाह की अंतिम यात्रा पवन हंस श्मशान घाट में हुई जहां परिवार और दोस्तों ने उन्हें अंतिम विदाई दी.
अनुपम खेर (वीडियो में):
“मुझे ये बात यकीन नहीं हो रही कि तुम्हें अब मैं फोन नहीं कर पाऊंगा। मैं तुम्हें ‘सतीश मेरे शाह’ कहता था और तुम जवाब देते थे ‘जहांपनाह’। तुम हम सबके लिए बहुत खास थे। अचानक तुम चले गए, ये सोचकर दिल टूट जाता है। लगता है जैसे हमसे कोई बहुत बड़ा टुकड़ा छिन गया हो। तुम्हारी कमी हमेशा रहेंगी। भगवान तुम्हें शांति दें।”
यह वीडियो प्यार और दोस्ती की गहराई को बयां करता है, जिसमें अनुपम खेर ने सतीश शाह के साथ अपने रिश्ते की भावनात्मक यादें साझा की हैं। उन्होंने आंसू रोकना मुश्किल बताया और सतीश शाह के जाने का शोक व्यक्त किया।
सतीश शाह के करियर के यादगार पल और शो/फिल्में
सतीश शाह के करियर के यादगार पल और उनकी प्रमुख शो एवं फिल्में इस प्रकार हैं:
यादगार पल
- सतीश शाह ने 1984 में दूरदर्शन के शो “ये जो है जिंदगी” में काम किया, जो उनके करियर का बड़ा मोड़ था। इस शो में हर एपिसोड में उनका किरदार बदलता रहता था, जिससे उन्होंने दर्शकों के दिल में खास जगह बनाई।
- “सराभाई वर्सेज सराभाई” टीवी सीरियल में इन्द्रवदन सराभाई का किरदार उनके सबसे प्रसिद्ध और यादगार रोल्स में से एक था, जिसने उन्हें घर-घर में पहचान दिलाई।
- उन्होंने “जाने भी दो यारों” जैसी क्लासिक फिल्म में भी अपनी भूमिका से लोगों को हंसाया और यादगार बनाया।
- रामसे ब्रदर्स की कई हॉरर फिल्मों में भी सतीश शाह ने कमाल किया, जिससे वे न केवल कॉमेडी बल्कि कई अन्य विधाओं में भी पहचाने गए।
प्रमुख शो और फिल्में
- टीवी शो: “सराभाई वर्सेज सराभाई”, “ये जो है जिंदगी”, “किस किस की किस्मत”
- फिल्मों में प्रमुख काम:
- “जाने भी दो यारों” (1983)
- “मैन हूं ना” (2004) में प्रोफेसर देसाई
- “कल हो ना हो” (2003) में करसनभाई पटेल
- “हम साथ साथ हैं” (1999) में प्रीतम
- “ओम शांति ओम” (2007) में पार्थो दास
- “फना” (2006) में कर्नल राम सिंह
- “दिलवाले दुल्हनिया ले जायेंगे” (1995) में अजीत सिंह
- “साथिया” (2002) में आदित्य के पिता
- “खिचड़ी” (2010) फिल्म
- और लगभग 250 से अधिक फिल्मों व टीवी प्रोजेक्ट्स में उन्होंने काम किया।
सतीश शाह की कॉमिक टाइमिंग, अलग-अलग पात्रों को निभाने की उनकी क्षमता और अभिनय का बहुमुखीपन उन्हें भारतीय सिनेमा और टीवी का एक अमिट हिस्सा बनाता है। वे केवल कॉमेडी ही नहीं बल्कि गंभीर भूमिका में भी खूबसूरती से दिखाई दिए.

