यूपी में ठंड का कहर: 25 जिलों में रेड अलर्ट, कब खुलेगा शीतलहर का शिकंजा?

यूपी में कड़ाके की ठंड ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने राज्य के 25 जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। घना कोहरा, शीतलहर और गिरते तापमान के कारण सड़क, रेल और हवाई यातायात पर भी असर पड़ा है। कई इलाकों में लोग दिनभर अलाव के सहारे ठंड से बचते नजर आए।

25 जिलों में रेड अलर्ट, हालात गंभीर
मौसम विभाग के अनुसार जिन जिलों में रेड अलर्ट जारी किया गया है, वहां भीषण शीतलहर और घना कोहरा बना रहेगा। न्यूनतम तापमान सामान्य से कई डिग्री नीचे चला गया है। सुबह और रात के समय दृश्यता बेहद कम हो रही है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ गया है।
कोहरे का असर: ट्रेनें और सड़क यातायात प्रभावित
घने कोहरे का सीधा असर रेल सेवाओं पर पड़ा है। कई प्रमुख ट्रेनें 2 से 8 घंटे तक लेट चल रही हैं। कुछ ट्रेनों को आंशिक रूप से रद्द भी किया गया है। वहीं, हाईवे और ग्रामीण सड़कों पर वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
स्कूलों और दफ्तरों पर भी असर
भीषण ठंड को देखते हुए कई जिलों में स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। छोटे बच्चों के लिए स्कूल बंद रखने या देर से खोलने के निर्देश दिए गए हैं। सरकारी कार्यालयों में भी सुबह के समय उपस्थिति कम देखी जा रही है।
कब मिलेगी ठंड से राहत?
मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल अगले कुछ दिनों तक ठंड से राहत की संभावना कम है। पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर पड़ने के बाद ही तापमान में हल्की बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। अनुमान है कि अगले सप्ताह के शुरुआती दिनों में ठंड का असर कुछ कम हो सकता है, लेकिन कोहरा बना रह सकता है।
प्रशासन अलर्ट, स्वास्थ्य को लेकर सावधानी जरूरी
यूपी सरकार और जिला प्रशासन को अलर्ट मोड पर रखा गया है। रैन बसेरों की संख्या बढ़ाई गई है और गरीब व जरूरतमंद लोगों के लिए कंबल वितरण की व्यवस्था की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग ने बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।
लोगों के लिए जरूरी सलाह
- सुबह और रात के समय बाहर निकलने से बचें
- गर्म कपड़े और अलाव का उपयोग करें
- वाहन चलाते समय फॉग लाइट का इस्तेमाल करें
- बुजुर्गों और बच्चों का विशेष ध्यान रखें
यूपी प्रदेश इस समय भीषण ठंड और कोहरे की चपेट में है। 25 जिलों में जारी रेड अलर्ट हालात की गंभीरता को दर्शाता है। ऐसे में सावधानी ही बचाव है। मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करना और प्रशासन के निर्देशों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।

