उत्तर प्रदेश बजट 2026: 9.12 लाख Cr, OTD लक्ष्य पर जोर

लखनऊ, 11 फरवरी 2026: उत्तर प्रदेश विधानसभा में आज वित्त मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने UP Budget 2026-27 पेश किया, जो कुल 9.12 लाख करोड़ रुपये का है। यह राज्य के इतिहास का सबसे बड़ा बजट है, जिसमें योगी आदित्यनाथ सरकार ने युवाओं,

किसानों, महिलाओं, बुनियादी ढांचे और आत्मनिर्भर अर्थव्यवस्था पर विशेष फोकस किया है। बजट को ‘वन ट्रिलियन डॉलर इकोनॉमी’ का रोडमैप बताते हुए वित्त मंत्री ने कहा कि 2029-30 तक UP की GDP को 1 ट्रिलियन डॉलर और 2047 तक 6 ट्रिलियन डॉलर बनाने का लक्ष्य है।
यह बजट पिछले वर्ष के 7.36 लाख करोड़ से 24% अधिक है, जिसमें राजस्व व्यय 6.50 लाख करोड़ और पूंजीगत व्यय 2.62 लाख करोड़ शामिल हैं। योगी सरकार का दावा है कि यह गरीबी उन्मूलन, रोजगार सृजन और इंफ्रास्ट्रक्चर क्रांति लाएगा। आइए विस्तार से जानते हैं उत्तर प्रदेश बजट 2026 की सभी प्रमुख घोषणाओं को।
बजट का समग्र आकार और आर्थिक विजन
UP Budget 2026 राज्य की विकास दर को 20% तक ले जाने का लक्ष्य रखता है। कुल 9,12,000 करोड़ रुपये के व्यय में विकास परियोजनाओं को प्राथमिकता दी गई है।
वित्त मंत्री ने बताया कि केंद्र से केंद्रीय करों में UP को 2.80 लाख करोड़ रुपये की रिकॉर्ड हिस्सेदारी मिलेगी, जो पिछले साल के 2.55 लाख करोड़ से अधिक है। इसके अलावा, 50 साल के ब्याज मुक्त कर्ज के तहत 20,000 करोड़ रुपये भी प्राप्त होंगे।
यह बजट आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश का ब्लूप्रिंट है, जिसमें कृषि, IT, उद्योग और पर्यटन पर समान जोर है। नियोजन विभाग की 130 से अधिक योजनाओं को OTD (वन ट्रिलियन डॉलर) लक्ष्य से जोड़ा गया है।
युवाओं के लिए रिकॉर्ड प्रावधान: रोजगार और स्किल डेवलपमेंट
युवाओं को सशक्त बनाने के लिए 55,000 करोड़ रुपये आवंटित किए गए। यह बजट नौजवानों के सपनों को पंख देगा।
प्रमुख युवा योजनाएं:
- यूपी युवा रोजगार योजना 2026: 7 लाख नई सरकारी नौकरियां, विशेषकर ITI और डिप्लोमा धारकों के लिए।
- स्किल इंडिया UP फंड: 15,000 करोड़ से 3 करोड़ युवाओं को AI, EV, सेमीकंडक्टर और डिजिटल मार्केटिंग में फ्री ट्रेनिंग।
- स्टार्टअप इंक्यूबेशन: 7,000 करोड़ से हर मंडल में इंक्यूबेटर सेंटर, 1.5 लाख स्टार्टअप्स को सीड फंडिंग।
- लखनऊ AI सिटी: कानपुर के साथ AI हब विकसित, 50,000 जॉब्स का लक्ष्य।
युवा उद्यमी संगठनों ने इसे ऐतिहासिक बताया। लखनऊ में प्रस्तावित AI सिटी और जीसीसी हब से ग्लोबल निवेशकों को आकर्षित किया जाएगा।
किसानों की खुशहाली: कृषि पर 1.50 लाख करोड़ का निवेश
किसानों के लिए खजाना खोल दिया गया है। कुल 1.50 लाख करोड़ रुपये कृषि और संबद्ध क्षेत्रों को समर्पित।
किसान-केंद्रित बड़े ऐलान:
- सिंचाई क्रांति: 60,000 करोड़ से 15 नई नहर परियोजनाएं, 25 लाख हेक्टेयर अतिरिक्त सिंचाई।
- MSP वृद्धि और बोनस: गेहूं पर 2,600 रुपये/क्विंटल, धान पर 2,400 रुपये; 30% बोनस गन्ना किसानों को।
- पीएम कुसुम विस्तार: 5 लाख सोलर पंप मुफ्त वितरण, जीरो इंटरेस्ट लोन 3 करोड़ किसानों को।
- प्रोडक्टिविटी बूस्ट: कृषि निर्यात के लिए 10,000 करोड़, जैविक खेती पर सब्सिडी।
गन्ना अर्बन किसानों के बकायों के लिए मूल्य स्थिरीकरण कोष बढ़ाया गया। किसान नेता राकेश टिकैत ने इसे सकारात्मक बताया।
महिलाओं और गरीबों के कल्याण पर विशेष फोकस
महिला सशक्तिकरण के लिए 45,000 करोड़ का अलग पैकेज। गरीबी उन्मूलन पर जोर।
- मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना विस्तार: 12वीं पास लड़कियों को 51,000 रुपये स्कॉलरशिप।
- पिंक पास: 10,000 नई महिलाओं के लिए मुफ्त बसें, रेल यात्रा पर 50% छूट।
- आयुष्मान UP: 15 करोड़ लाभार्थियों को 15 लाख तक फ्री इलाज, नए मेडिकल कॉलेज।
- PM आवास योजना: 5,000 करोड़ से 10 लाख नई झुग्गी-झोपड़ी मुक्त।
वृद्धावस्था और किसान पेंशन 1,500 रुपये मासिक बढ़ाई गई।
इंफ्रास्ट्रक्चर में ऐतिहासिक निवेश: 2.50 लाख करोड़
बुनियादी ढांचे को 2.50 लाख करोड़ मिले। सड़क, रेल, एयरपोर्ट पर रिकॉर्ड खर्च।
प्रमुख इंफ्रा प्रोजेक्ट्स:
- एक्सप्रेसवे नेटवर्क: 6 नए एक्सप्रेसवे (बुंदेलखंड, गोरखपुर सहित), कुल 3,000 किमी।
- मेट्रो एक्सपैंशन: लखनऊ-कानपुर-आगरा में 300 किमी नई लाइनें।
- एयरपोर्ट्स: 15 ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट, जेवर फेज-2 पूरा।
- रेल कॉरिडोर: 5 हाई-स्पीड ट्रेन प्रोजेक्ट्स।
| क्षेत्र | आवंटन (करोड़ में) | मुख्य उपलब्धियां |
|---|---|---|
| सड़कें | 90,000 | 15,000 किमी नई NH सड़कें |
| रेल | 50,000 | डिफेंस कॉरिडोर बुंदेलखंड |
| बिजली | 40,000 | 15,000 MW सोलर पावर |
| एयरपोर्ट | 25,000 | 20 नए टर्मिनल |
शिक्षा और स्वास्थ्य क्रांति
शिक्षा पर 95,000 करोड़, स्वास्थ्य पर 75,000 करोड़।
- डिजिटल एजुकेशन: 1 करोड़ छात्रों को टैबलेट-स्मार्टफोन, 25 AI विश्वविद्यालय।
- मेडिकल इंफ्रा: 75 नए मेडिकल कॉलेज, 40,000 MBBS सीटें।
- टेलीमेडिसिन: हर गांव में हेल्थ हब।
पर्यटन, उद्योग और पर्यावरण पर जोर
पर्यटन को 25,000 करोड़: मथुरा-वृंदावन कॉरिडोर, राम मंदिर क्षेत्र विकास।
उद्योग: ODOP योजना को 15,000 करोड़, MSME को सस्ता लोन। ईवी और सेमीकंडक्टर हब।
हरित UP: 30,000 करोड़ से गंगा सफाई, 20 स्मार्ट सिटी। SCR (स्टेट कैपिटल रीजन) लखनऊ-6 जिलों में।
विपक्ष की प्रतिक्रियाएं और चुनौतियां
सपा नेता अखिलेश यादव ने कहा, “घोषणाएं बड़ीं, फंडिंग कम।” बसपा ने दलितों के लिए कम प्रावधान बताया। BJP ने इसे “विकास का महायज्ञ” कहा।
चुनौतियां: कार्यान्वयन, फंड रिलीज और इंफ्लेशन। लेकिन OTD विजन से UP देश का इंजन बनेगा।
UP Budget 2026 योगी सरकार की दृढ़ संकल्प की मिसाल है। यह 2027 चुनाव से पहले विकास की गारंटी देता है। अधिक अपडेट्स के लिए जुड़े रहें।
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