बंगालन कहकर ताने मारती थी दादी,पोती ने गड़ासी ने काट दिया सिर,बहू ने भी दिया साथ, दो गिरफ्तार

उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जिले के पीपीगंज क्षेत्र के भुईधरपुर गांव में एक 60 वर्षीय बुजुर्ग महिला कलावती देवी की पोती खुशी कुमारी ने हत्या कर दी। दादी खुशी और उसकी मां (उत्तरा देवी) को अक्सर ‘बंगालिन’ कहकर ताने मारती थीं और नौकरानी जैसा बर्ताव करती थीं, जिससे पोती मानसिक रूप से परेशान थी।

पुलिस के अनुसार, 26 सितंबर को मां घर से बाहर गई हुई थी, उसी दौरान खुशी ने सो रही दादी का गड़ासी से गला काटकर हत्या की और फिर सिर धड़ से अलग कर दिया। इसके बाद मां-बेटी ने मिलकर शव को बोरे में रखकर गांव के बाहर खेत में फेंक दिया। हत्या में इस्तेमाल गड़ासी को घर के गोबर के ढेर में छुपा दिया था। घटना 16 दिनों बाद पुलिस ने खुलासा किया और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है।
यह मामला दादी द्वारा लगातार ताने और प्रताड़ना के चलते हुआ, जिससे पोती काफी परेशान थी। हत्या की पूरी योजना और व्यवहार दोनों ने मिलकर किया था। यह मामला इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है।
घटना स्थल और गिरफ्तारियों को लेकर पुलिस और संबंधित पक्षों के बयान निम्न हैं:
- गोरखपुर के पीपीगंज थानाक्षेत्र के भुईधरपुर गांव की 60 वर्षीय कलावती देवी की हत्या की पुष्टि पुलिस ने की है।
- पुलिस ने बताया कि हत्या की वारदात 26 सितंबर को हुई थी, जब मां उत्तरा देवी घर से बाहर गई थी।
- खुशी कुमारी नामक सौतेली पोती ने गड़ासी से दादी का गला काटकर हत्या की, फिर सिर काट दिया।
- इसके बाद खुशी और उसकी मां ने शव को बोरे में रखकर साइकिल से गांव के बाहर खेत में फेंक दिया।
- पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल गड़ासी बरामद कर लिया है।
- दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेजा गया।
- पुलिस और गांव वाले दोनों आरोपियों से शुरू में गुमराह किए गए, लेकिन पूछताछ में सारा सच उगलवा लिया गया।
- घटना के पीछे दादी द्वारा पोती और उसकी मां को ‘बंगालिन’ कहकर ताने मारना और प्रताड़ित करना था, जो पोती के मानसिक तनाव का कारण बना।
इस प्रकार घटना स्थल से जुड़ी पुलिस की पुष्टि और गढ़ाशी सहित गिरफ्तारी की जानकारी दोनों विश्वसनीय हैं और पुलिस जांच के बाद उजागर हुई है.
आरोपी पोती और बहू पर कौन-कौन से चार्ज लगाए
आरोपी पोती खुशी कुमारी और उसकी मां बहू उत्तरा देवी पर पुलिस ने मुख्यतः निम्नलिखित चार्ज लगाए हैं:
- हत्या का आरोप (भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं के तहत) क्योंकि पोती ने दादी की गला रेतकर हत्या की।
- पुलिस को गुमराह करने का आरोप क्योंकि उन्होंने घटना के बाद पुलिस और गांव वालों को गुमराह किया।
- शव को ठिकाने लगाने और उस वारदात में इस्तेमाल गड़ासी को छुपाने का आरोप भी शामिल है।
पुलिस ने बताया कि बहू और पोती ने मिलकर दादी की हत्या करने के बाद शव को बोरे में रखकर साइकिल से गांव के बाहर खेत में फेंक दिया था। हत्या के पीछे दादी द्वारा ‘बंगालिन’ कहकर बार-बार ताने मारना और नौकरानी जैसा व्यवहार करना था, जिससे वे मानसिक और भावनात्मक रूप से परेशान थीं। एसपी नार्थ जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि मां-बेटी दोनों ने अपराध कबूल कर लिया है और दोनों को जेल भेज दिया गया है।

