नकली स्किन क्रीम घोटाला: गाजियाबाद में खुली बड़ी फेक मेडिसिन फैक्ट्री, चार गिरफ्तार

गाजियाबाद पुलिस ने एक बड़े फर्जीवाड़े का पर्दाफाश किया है। जिले में चल रही एक नकली दवाओं की फैक्ट्री से बड़ी मात्रा में स्किन डिजीज (त्वचा रोग) की फर्जी दवाएं बनाई जा रही थीं। इन दवाओं पर देश की नामी दवा कंपनियों का लेबल लगाया गया था ताकि बाजार में इन्हें असली बताकर बेचा जा सके।

पूरे नॉर्थ इंडिया में होती थी सप्लाई
पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि यह नकली दवाओं का गिरोह केवल गाजियाबाद तक सीमित नहीं था। इस अवैध फैक्ट्री से तैयार दवाओं की सप्लाई दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के कई शहरों में की जा रही थी। आरोपी लंबे समय से दवा कारोबार की आड़ में इस गोरखधंधे को चला रहे थे।
फार्मा कंपनियों के लेबल की की जा रही थी कॉपी
टीम को छापेमारी के दौरान कई प्रसिद्ध फार्मा ब्रांड्स के नकली लेबल, पैकेजिंग मशीनें, और रॉ मटेरियल बरामद हुआ है। आरोपियों ने यह स्वीकार किया कि वे बाजार की मांग के अनुसार लोकप्रिय स्किन क्रीम और दवाओं की कॉपी तैयार करके बिक्री करते थे। शुरुआती जांच में पता चला है कि नकली दवाओं की कीमत असली के मुकाबले बहुत कम रखी जाती थी, जिससे मेडिकल दुकानदार इन्हें आसानी से खरीद लेते थे।
पुलिस ने चार लोगों को किया गिरफ्तार
गाजियाबाद पुलिस ने मौके से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि कुछ अन्य आरोपी फरार बताए जा रहे हैं। फैक्ट्री को सील कर दिया गया है और नमूनों को फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) की जांच के लिए भेजा गया है। अधिकारियों का कहना है कि पूरे नेटवर्क की तह तक जाने के लिए जांच जारी है।
स्वास्थ्य विभाग और जनता के लिए चेतावनी
स्वास्थ्य विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे सस्ती या अनजान ब्रांड की स्किन क्रीम और दवाओं का उपयोग न करें। ज़रूरत पड़ने पर केवल रजिस्टर्ड मेडिकल स्टोर से ही दवा खरीदें और पैकेजिंग पर QR कोड या बैच नंबर अवश्य जांचें।

