लखनऊ थार हादसा: 25 मिनट पहियों के नीचे फंसे पवन पटेल, वायरल वीडियो | विभूति खंड क्राइम न्यूज़

लखनऊ के विभूति खंड इलाके में थार गाड़ी के पहियों के नीचे 25 मिनट तक फंसे कारोबारी पवन पटेल की घटना ने पूरे शहर को हिलाकर रख दिया। यह लापरवाही भरा हादसा समिट बिल्डिंग परिसर में रात के समय हुआ, जहां झगड़े के बाद आरोपी ने क्रूरता की सारी हदें पार कर दीं।

घटना का पूरा विवरण: कैसे हुआ यह भयानक हादसा?
लखनऊ के पॉश इलाके विभूति खंड स्थित समिट बिल्डिंग में गुरुवार रात करीब 1 बजे कारोबारी पवन पटेल अपने दोस्त प्रशांत सचान और अन्य साथियों के साथ क्लब में पार्टी मनाने पहुंचे थे। पार्किंग से बाहर निकलते समय थार गाड़ी और एक अन्य कार सवार युवकों के बीच झगड़ा हो गया। पवन पटेल ने बीच-बचाव की कोशिश की, लेकिन आरोपी भड़क गए और गाली-गलौज के साथ मारपीट शुरू कर दी।
आरोप है कि झगड़े के दौरान आरोपियों ने प्रशांत की चेन लूटने की कोशिश की। विरोध पर उन्होंने थार से पवन को टक्कर मारकर भागने की कोशिश की। प्रशांत ने सुरक्षा गार्ड से गेट बंद करवाया, तो आरोपी उग्र हो गए। थार को बैक करके उन्होंने पवन के दोनों पैरों पर गाड़ी चढ़ा दी और 25 मिनट तक खड़े रहे। इस दौरान पवन दर्द से तड़पते चीखते रहे, लेकिन आरोपी नहीं हटे।
मौके पर भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने गाड़ी हिलाने की कोशिश की, लेकिन भारी थार को हटाना मुश्किल था। चीख-पुकार सुनकर पास की पुलिस चौकी से जवान पहुंचे। आखिरकार लोगों की मदद से पवन को बाहर निकाला गया, जो तब तक बेहोश हो चुके थे।
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आरोपी कौन? पुलिस ने क्या कार्रवाई की?
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उत्तराखंड के रुद्रपुर निवासी आकाश यादव और मोहित मेवाड़ी को गिरफ्तार कर लिया। थार गाड़ी को सीज कर दिया गया है। सरोजिनगर के न्यू गुडोरा निवासी पवन पटेल के खिलाफ मामला IPC की गंभीर धाराओं में दर्ज किया गया, जिसमें हादसा, लापरवाही और मारपीट शामिल हैं।
लखनऊ पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। विभूति खंड थाने के अधिकारी ने बताया कि आरोपी नशे में धुत थे और दबंगई दिखा रहे थे। पवन को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनके पैरों में गंभीर चोटें बताईं। उनकी हालत अभी नाजुक बनी हुई है।
वायरल वीडियो: चीखें और जद्दोजहद का भयानक मंजर
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में पवन जमीन पर लेटे तड़पते दिख रहे हैं, जबकि लोग गाड़ी को धक्का मारकर उन्हें निकालने की कोशिश कर रहे हैं। आरोपी थार पर ही खड़े होकर हंसते नजर आ रहे हैं। यह वीडियो लखनऊ थार हादसा वीडियो के रूप में लाखों बार देखा जा चुका है।
[वीडियो इंबेड स्पेस: यहां मूल वीडियो लिंक डालें, जैसे Instagram या YouTube से]
यह वीडियो न सिर्फ घटना की क्रूरता दिखाता है, बल्कि सवाल भी खड़े करता है कि आखिर ऐसी लापरवाही कैसे हो रही है। सोशल मीडिया पर लोग आरोपी की गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।
पवन पटेल कौन हैं? उनका बैकग्राउंड
पवन पटेल सरोजिनगर के न्यू गुडोरा इलाके के मॉरंग कारोबारी हैं। वह स्थानीय स्तर पर जाना-पहचाना नाम हैं और नियमित रूप से व्यापारिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेते हैं। इस हादसे ने उनके परिवार को सदमे में डाल दिया है। दोस्त प्रशांत सचान ने बताया कि पवन बीच-बचाव करने के चक्कर में फंस गए।
परिवार वालों का कहना है कि पवन हमेशा मददगार स्वभाव के रहे हैं। अब वह अस्पताल में जिंदगी-मौत से लड़ रहे हैं। डॉक्टरों ने बताया कि पैरों की हड्डियां बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई हैं, सर्जरी की जरूरत है।
लखनऊ के विभूति खंड का इतिहास: क्यों बार-बार अपराध?
विभूति खंड लखनऊ का हाई-प्रोफाइल इलाका है, जहां लग्जरी बिल्डिंग्स, क्लब और शोरूम हैं। लेकिन यहां अक्सर दबंगई और झगड़ों की घटनाएं सामने आती रहती हैं। समिट बिल्डिंग परिसर पहले भी विवादों में रहा है। लखनऊ समिट बिल्डिंग क्राइम सर्च में कई पुरानी घटनाएं मिलती हैं।
पुलिस का कहना है कि रात के समय पार्किंग में पार्किंग मैनेजमेंट की कमी से 이런 हादसे होते हैं। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि CCTV कैमरों को बढ़ाया जाए और सिक्योरिटी सख्त की जाए।
थार गाड़ी का खतरा: क्यों हो रहे बार-बार हादसे?
महिंद्रा थार एक पॉपुलर SUV है, लेकिन इसकी भारी बॉडी और हाई ग्राउंड क्लीयरेंस के कारण हादसे घातक साबित होते हैं। लखनऊ में हाल ही में थार से जुड़े कई हादसे सुर्खियों में रहे, जैसे तेज रफ्तार थार ने ई-ऑटो को कुचल दिया था। लेकिन इस मामले में जानबूझकर क्रूरता ने सभी को झकझोर दिया।
एक्सपर्ट्स कहते हैं कि थार जैसे वाहनों के चालकों को ट्रेनिंग जरूरी होनी चाहिए। लापरवाही से न सिर्फ पीड़ित, बल्कि चालक भी जेल की हवा खा रहे हैं।
कानूनी पहलू: क्या सजा मिलेगी आरोपियों को?
IPC की धारा 307 (हत्या का प्रयास), 323 (मारपीट) और 504 (अपमान) के तहत केस दर्ज है। अगर पवन की हालत बिगड़ी, तो धाराएं बढ़ सकती हैं। वकीलों का मानना है कि वीडियो सबूत होने से आरोपी को कम से कम 7-10 साल की सजा हो सकती है। पुलिस रिमांड लेकर पूछताछ कर रही है।
उत्तर प्रदेश में सख्त कानूनों के बावजूद अपराध रुक नहीं रहे। सरकार को रोड सेफ्टी पर और फोकस करने की जरूरत है।
सोशल मीडिया पर रिएक्शन: गुस्सा और सहानुभूति की बाढ़
लखनऊ थार हादसा ट्रेंड कर रहा है। ट्विटर और इंस्टाग्राम पर लोग #JusticeForPawanPatel कैंपेन चला रहे हैं। कई बॉलीवुड और राजनीतिक हस्तियां भी रिएक्ट कर चुकी हैं। एक यूजर ने लिखा, “25 मिनट तक इंसान को कुचलना पशुता है!”
लोगों का कहना है कि अमीरों की दबंगई बंद होनी चाहिए। यह घटना समाज को आईना दिखाती है।
पवन पटेल की तबीयत अपडेट: अस्पताल में चल रहा इलाज
ट्रॉमा सेंटर में भर्ती पवन की हालत स्थिर है, लेकिन पैरों की सर्जरी बाकी है। परिवार ने बताया कि वह होश में हैं और आरोपी से सख्त सजा की मांग कर रहे हैं। डॉक्टरों ने 48 घंटे क्रिटिकल बताए हैं।
सबक और सावधानियां: भविष्य में कैसे बचें?
- पार्किंग में झगड़े से दूर रहें।
- रात के समय क्लब जाते समय ग्रुप में रहें।
- वाहन चालकों को नशा न करने की सलाह दें।
- पुलिस हेल्पलाइन 112 का इस्तेमाल करें।
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